पटना के सरकारी अस्पताल में शुरू हुई घुटना प्रत्यारोपण की व्यवस्था
पटना
बिहार में घुटना प्रत्यारोपण अब आसान हो गया है क्योंकि अब मरीजों के घुटने का प्रत्यारोपण पटना स्थित आईजीआईएमएस अस्पताल में ही किफायती दरों पर हो सकेगा. पटना स्थित आईजीआईएमएस में शनिवार को बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने नवनिर्मित 6 बेड के हाईटेक नी ट्रांसप्लांट यूनिट का उदघाटन किया, जहां कल से ही मरीजों के घुटने का ट्रांसप्लांट भी शुरू हो गया. मंत्री ने प्रसन्नता जाहिर करते हुए कहा है कि काफी किफायती दरों में प्रत्यारोपण होगा और आगे मरीजों की सुविधा के लिए यूनिट का और विस्तार किया जाएगा.
मौके पर मौजूद निदेशक ने कहा कि नी ट्रांसप्लांट के लिए महज 80 हजार से 1 लाख रुपये खर्च लगेंगे और आयुष्मान भारत के मरीजों के लिए यह प्रत्यारोपण और भी आसान होगा, वहीं अस्पताल के अधीक्षक की मानें तो घुटना प्रत्यारोपण को लेकर पिछले दो साल से अस्पताल प्रशासन प्रयास में था और आखिरकार अब सफलता मिल गई है इसको लेकर अलग से एक्सपर्ट डॉक्टरों की टीम भी बनाई गई है, साथ ही इस यूनिट को अलग से जगह दिया गया है जहां बाकि मरीज और परिजनों की आवाजाही नहीं रहेगी क्योंकि इस ट्रांसप्लांट में इंफेक्शन का खतरा सबसे ज्यादा होता है और उसको लेकर पूरी सावधानियां भी बरती जाएगी.
अधीक्षक की मानें तो घुटना की बीमारी लगातार बढ़ती ही जा रही है और इसमें 2 से 5 प्रतिशत मरीज ऐसे होते हैं जिन्हें प्रत्यारोपण की जरूरत होती है, ऐसे में इससे पहले उन्हें बिहार से बाहर जाना पड़ता था और मोटी रकम खर्च करनी पड़ती थी लेकिन अब मरीजों के लिए आसान हो गया है. अस्पताल प्रशासन ने भरोसा दिया है कि आईजीआईएमएस में जल्द ही अब हार्ट ट्रांसप्लांट यूनिट की भी शुरुआत होगी जिससे एक ही छत के नीचे सभी प्रकार की बीमारियों का इलाज हो सकेगा. इस मौके पर स्थानीय विधायक संजीव चौरसिया भी मौजूद थे.

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